खुलासा : केंद्र सरकार के नियमों को ताक पर रख पर महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास में आउटसोर्स कर्मचारियों से वसूली जा रही 18 प्रतिशत GST

अनुज नेगी देहरादून।प्रदेश का सबसे भृष्ट विभाग कह जाने वाले महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास का एक बड़ा कारनामा सामने आया है,महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास में केंद्र सरकार की योजनाओं को चलाने के लिए रखे गए आउटसोर्स कर्मचारियों के वेतन से 18 प्रतिशत GST और सर्विस टैक्स काट कर कर्मचारियों का शोषण किया जा […]

अनुज नेगी

देहरादून।प्रदेश का सबसे भृष्ट विभाग कह जाने वाले महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास का एक बड़ा कारनामा सामने आया है,महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास में केंद्र सरकार की योजनाओं को चलाने के लिए रखे गए आउटसोर्स कर्मचारियों के वेतन से 18 प्रतिशत GST और सर्विस टैक्स काट कर कर्मचारियों का शोषण किया जा रहा है। मगर जिम्मेदार विभाग के मंत्री और अधिकारी जरा भीं इन कर्मचारियों की सुध नही ले रहे है।

बतादें प्रदेश में महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास में हज़ारों आउटसोर्स कर्मचारियों के वेतन से सेवाप्रदाता आउटसोर्स  कंपनी क्रेटिव सर्विस टैक्स के साथ 18 फीसद जीएसटी भी काट रही है। जिससे साफ साफ दिख रहा कि किस तरह से कर्मचारियों का शोषण किया जा रहा है। इससे कर्मियों को बचत नहीं है। वही केंद्र सरकार की इन योजनाओं में अन्य प्रदेशो में  किसी भी वेतन से जीएसटी नहीं काटी जाती है।  मगर उत्तराखंड में भृष्ट मंत्रियों और अधिकारियों का खामियाजा इन कर्मचारियों को उठाना पड़ रहा है।

वही सूत्रों की माने तो विभागीय अधिकारियों ने जीएसटी फ़ाइल को अभी तक शासन तक नही पहुंचा है।जिससे कारण अब तक कर्मचारी लाखो रुपये की जीएसटी का भुगतान कर चुके है।

Also Read This

बड़ी खबर : एमए छात्रा को परीक्षा में बैठने से रोका ,जांच की मांग।  जानिए मामला 

पुरोला, 6 अगस्त।नीरज उत्तराखंडी  राजकीय महाविद्यालय पुरोला में उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय की एम.ए. प्रथम सेमेस्टर (ओपन) की एक छात्रा ने परीक्षा प्रक्रिया में अनियमितता का...

बदहाल स्वास्थ्य सेवाएं :सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था लगभग भगवान भरोसे, प्रसव के लिए 82 किमी तक का सफर करने की मजबूरी

पुरोला, 6 अगस्त। नीरज उत्तराखंडी  हिमाचल प्रदेश की सीमा से सटे उत्तरकाशी जिले के दुर्गम आराकोट-बंगाण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली लगातार गंभीर होती...

Related Posts