पुलिस पर पथराव पड़ा भारी, फरार तस्करों की संपत्ति होगी कुर्क

उधम सिंह नगर जिले के रुद्रपुर में स्मैक तस्करी की सूचना पर पहुंची पुलिस टीम पर हुए पथराव के मामले में फरार चल रहे आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई निर्णायक चरण में पहुंच गई है। गिरफ्तारी से बच रहे आरोपियों के विरुद्ध पहले गैर-जमानती वारंट जारी किए गए थे, अब न्यायालय ने दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 82 के तहत उद्घोषणा आदेश जारी कर दिया है। तय समय सीमा में पेश न होने पर संपत्ति कुर्क करने की प्रक्रिया भी शुरू की जा सकती है।

 

घटना 1 फरवरी की है। एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स को सूचना मिली थी कि सुभाष कॉलोनी स्थित कल्लू के घर पर स्मैक की अवैध बिक्री की जा रही है। सूचना के आधार पर टीम मौके पर पहुंची, लेकिन कार्रवाई के दौरान वहां मौजूद लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया। इस हमले में हेड कांस्टेबल भुवन पांडे घायल हो गए थे।

 

मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 64 ग्राम स्मैक के साथ हसीना पत्नी इलियास को गिरफ्तार कर लिया। वहीं अन्य नामजद आरोपी—नाजिम उर्फ नदीम, शाहरूख, इरशाद उर्फ दाऊद उर्फ शद्दा, सूरज, अनमोल, अफसाना, फिजा, रोशनी और फरहाना—के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश शुरू की गई।

 

लगातार दबिश के बावजूद जब आरोपी गिरफ्त में नहीं आए तो न्यायालय से गैर-जमानती वारंट हासिल किया गया। इसी बीच फरार आरोपियों को शरण देने के आरोप में उत्तर प्रदेश के जनपद रामपुर, थाना अजीमनगर क्षेत्र के रतनपुरा निवासी फरजनद अली उर्फ नन्हे को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।

 

एक ही परिवार से जुड़े नौ आरोपियों के लगातार फरार रहने को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने कुर्की की अनुमति के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र दिया था। सुनवाई के बाद न्यायालय ने सभी के खिलाफ धारा 82 के तहत उद्घोषणा जारी कर दी है। यदि आरोपी निर्धारित अवधि में न्यायालय में उपस्थित नहीं होते हैं तो उनकी संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

 

रुद्रपुर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक मनोज रतूड़ी ने बताया कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें सक्रिय हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून से बचने की कोशिश करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और सभी आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।

Read Next Article Scroll Down

Related Posts