–कुलदीप राणा `आजाद`
सत्ता में अहम मदमस्त भाजपा विधायक जहां पार्टी लाइन से हट कर चैम्पियन की राह पकड़ रहे हैं वही उनके समर्थक भी भाजपा से निष्कासित विधायक कुंवर प्रणव चैम्पियन के ही नक्शे कदम पर चल निकले हैं, रुद्रप्रयाग में आजकल यही कुछ देखने को मिल रहा है।
देखिए वीडियो (यह थी खबर)
https://youtu.be/_SiJoZxwEIk
कुछ दिन पहले ही उत्तराखंड को गाली देने वाले विधायक चैम्पियन के भाजपा से निष्कासन के बाद ये पार्टी लाइन से हट बयानवीर बन कर उभरे रुद्रप्रयाग विधायक भरत चौधरी से जुड़ा नया मामला सामने आया है।
दरअसल रुद्रप्रयाग में न्यूज18 के पत्रकार शैलेन्द्र रावत ने विधायक भरत चौधरी द्वारा राजकीय महाविद्यालय को दी गयी 10 लाख की विधायक निधि में भष्ट्राचार को लेकर सवाल उठाया था।
ख़बर में था कि 10 लाख में कक्षा-कक्षों का पुनर्निर्माण व मल्टी प्रपज कॉन्फ्रेंस हॉल का निर्माण होना था, लेक़िन चद्दर की छत महाविद्यालय में डाल दी गयी व एक चद्दर का ही रूम बना दिया गया, फर्स को बालू से भर दिया गया।
जिसको लेकर छात्रों ने सवाल उठाए कि विधायक निधि से हुए इस काम में भारी अनियमितताएं हैं, चद्दर की छत टपकने लगीं हैं, फर्स उखड़ चुका है, जबकि योजना का अभी विधायक भरत चौधरी ने लोकार्पण भी नही किया हैं।
ऐसे में पत्रकार द्वारा जब अपने चैनल में खबर दिखाई गई तो विधायक भरत चौधरी की जमकर किरकिरी हुई, लोगों ने अपने अपने यहां विधायक निधि से हुए कामो की ऐसे ही शिकायते सोशल मीडिया में डालनी शुरू कर दी।
जिसके बाद आगबबूला हुए विधायक के समर्थक व महाविद्यालय में योजना के टोलीनायक ने पत्रकार पर फेसबुक में अभद्र पोस्ट डाल धमकाने के कोशिश की। वही पत्रकार ने पुलिस में ये भी शिकायत की है कि धमकी के साथ ही आज सड़क के किनारे खड़ी उसकी बाइक तोड़ दी गयी।
गजब की बात ये है कि विधायक समर्थक की शिकायत जब पत्रकार ने विधायक से की तो विधायक ने भी “जो उखाड़ना है उखाड़ लो” कहकर फ़ोन काट लिया।
वहीं विधायक समर्थक टोलीनायक दीपक सिलोडी ने खुद अपनी पोस्ट में माना कि “योजना में गुणवक्ता की कमी हैं मैं स्वीकार करता हूं।”
माना जा रहा है विधायक ने किरकिरी से बचने के लिए ये पैंतरा अपना टोलीनायक को ये लिखने की सलाह दी, लेकिन इसके बाद खबर चलाने वाले पत्रकार के लिए अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए जूतों की माला पहना कर मुँह काला करने की धमकी दे डाली।
फिलहाल पत्रकार ने पुलिस को तहरीर देकर इस मामले की शिकायत की है वहीं इस पूरे प्रकरण में विधायक भरत चौधरी को सूत्रधार मानते हुए सोशल मीडिया में चौतरफा निंदा हो रही है।




