आपदा : पटरी पर लौटने लगी जिंदगी। इसे कहते हैं टीम वर्क।डीएम की टीम मे सभी विभाग जुटे

Neeraj purola: आराकोट/उत्तरकाशी 24 अगस्त 2019

जिलाधिकारी डॉ आशीष चौहान की मौजूदगी में बेस कैम्प आराकोट से आज सुबह से ही प्रभावित गांवों के लिए चरणवद्ध रुप से मजदूरों, पीआरडी जवानों के द्वारा रसद पहुचाई गई। आपदा घटित के सातवें दिन आज बलावट के 89 परिवार, माकुली के 125,मोन्डा के 89 परिवार,डगोली में 96 परिवार,कलीच 115 परिवार को फूड पैकेट प्रति परिवार 10 किलो दिया गया। जबकि आराकोट मे 149 व टिकोची में 96 परिवार को वितरण किया जा चुका है। इसी तरह अन्य प्रभावित सभी गॉंवों में भी रसद भेजी जा रही है । तकरीबन 300 के करीब वन, लोनिवि, पीआरडी व स्थानीय मजदूर लगाए गये हैं।

जिलाधिकारी डॉ आशीष चौहान, पुलिस अधीक्षक पंकज भट्ट शनिवार को मलाना, नगवाड़ा, मोलडी गांव के आपदा पीड़ित ग्रामीणों से मिले व ढाढ़स बंधाया तथा हर संभव मदद का भरोसा दिया।
ग्रामीणों द्वारा बताया गया आपदा प्रभावित ग्रामीणों को रसद सामग्री परस्पर मिल रही है किंतु सड़क शीघ्र बहाल किया जाय। जिस पर जिलाधिकारी ने कहा कि सड़क पुनः निर्माण कार्य के लिए पर्याप्त संसाधन लगाएं गए है,सड़क खुलवाना प्रशासन की पहली प्राथमिकता है। रसद सामग्री के साथ ही सड़क मार्गों व पैदल रास्तों का पुनः निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर किए जा रहें है। इसके लिए अलग अलग टीमें कार्य कर रही है। बिजली आपूर्ति बहाल करने हेतु पर्याप्त मजदूर कार्य कर रहे हैं 31 अगस्त तक आपदा प्रभावित सभी गांवों में बिजली बहाल कर दी जाएगी।

इस दौरान पुलिस अधीक्षक पंकज भट्ट, मुख्य विकास अधिकारी प्रशांत आर्य, उप जिलाधिकारी पुरोला अनुराग आर्य,ईई लोनिवि पुरोला धीरेंद्र कुमार, ईईआरईएस विभू विश्वमित्र, लोनिवि सुरेश तोमर, परियोजना अधिकारी राजेन्द्र सिंह रावत, जिला पूर्ति अधिकारी गोपाल मटूड़ा, क़ृषि अधिकारी गोपाल भंडारी मौजूद थे

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