देहरादून। राजधानी देहरादून के एक निजी स्कूल में फिजिक्स शिक्षक पर छात्राओं के साथ अनुचित तरीके से छूने के आरोप सामने आए हैं। मामले में एक छात्रा और उसकी मां ने स्कूल प्रबंधन को लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की थी।
परिजनों का आरोप है कि शुरुआत में प्रबंधन ने शिक्षक के खिलाफ कार्रवाई और छात्रा की सुरक्षा सुनिश्चित करने का भरोसा दिया, लेकिन बाद में छात्रा पर मामला दबाने के लिए दबाव बनाया गया।
विवाद बढ़ने और स्कूल में हंगामे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। छात्रा और उसकी मां ने आरोप लगाया कि स्कूल प्रबंधन उन्हें परिसर से बाहर नहीं जाने दे रहा था और मुख्य गेट पर ताला लगा दिया गया था।
छात्रा का यह भी आरोप है कि संबंधित शिक्षक लंबे समय से उसकी कक्षा की अन्य छात्राओं को भी गलत नीयत से छूते थे।
शिकायत में 15 छात्राओं के हस्ताक्षर होने का दावा
पीड़ित छात्रा ने कथित घटना की जानकारी अपनी मां को दी, जिसके बाद मां स्कूल पहुंचीं और प्रिंसिपल कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई। परिवार के अनुसार, शिकायत पत्र पर कुल 15 छात्राओं के हस्ताक्षर थे।
छात्रा की मां का कहना है कि स्कूल प्रबंधन ने आरोपी शिक्षक को नौकरी से हटाने और उनकी बेटी की सुरक्षा का आश्वासन दिया था।
डायरेक्टर पर भी धमकाने और दबाव बनाने के आरोप
छात्रा के मुताबिक, अगले दिन चौथे पीरियड के दौरान उसे प्रिंसिपल कार्यालय बुलाया गया। वहां डायरेक्टर, प्रिंसिपल और एक महिला शिक्षिका मौजूद थीं।
छात्रा का आरोप है कि डायरेक्टर ने उससे अभद्रता की, उसे झूठा बताया और कहा कि वह एक बुजुर्ग शिक्षक पर गलत आरोप लगा रही है।
छात्रा ने दावा किया कि उससे कथित तौर पर यह भी कहा गया कि शिक्षक ने किस तरह छुआ था, वह करके दिखाए। आरोप है कि उसे यह कहकर डराया गया कि कोई उसका साथ नहीं देगा और वह अकेली है। साथ ही, उसे घर जाकर इस बातचीत की जानकारी अपनी मां को नहीं देने के लिए कहा गया।
पीड़िता की मां के अनुसार, इस घटना के बाद उनकी बेटी डरी-सहमी रहने लगी है और स्कूल जाने से घबराती है। परिवार का दावा है कि अन्य छात्राएं भी शिक्षक के व्यवहार से परेशान थीं, लेकिन डर और सामाजिक दबाव के कारण वे अपने अभिभावकों से शिकायत नहीं कर पा रही थीं।
परिवार ने की कार्रवाई और सार्वजनिक माफी की मांग
परिवार ने स्कूल प्रबंधन से शिकायत प्राप्त होने की रसीद और 15 छात्राओं के हस्ताक्षर वाले आवेदन की प्रमाणित प्रति उपलब्ध कराने की मांग की है। इसके साथ ही, डायरेक्टर से असेंबली में सभी विद्यार्थियों के सामने सार्वजनिक माफी मांगने और छात्राओं को यह भरोसा दिलाने की मांग की गई है कि वे किसी भी अनुचित व्यवहार की शिकायत बिना डर के अपने अभिभावकों और प्रिंसिपल से कर सकें।
पुलिस कर रही मामले की जांच
पुलिस ने बताया कि स्कूल में हंगामे की सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची थी। फिलहाल स्कूल प्रबंधन और परिजनों से बातचीत की जा रही है। उनका कहना है कि बातचीत के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
वहीं, देहरादून के एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने कहा कि मामला पुलिस के संज्ञान में आया है। जांच के लिए टीम स्कूल भेजी गई है और स्कूल प्रबंधन के बयान भी दर्ज किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।






