नई दिल्ली/काठमांडू: नेपाल की राजनीति में एक ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिला है। पारंपरिक नेताओं के लंबे दौर के बाद अब युवा और नई सोच के प्रतीक बालेन शाह ने देश की कमान संभाल ली है।
उनका प्रधानमंत्री बनना न केवल सत्ता परिवर्तन है, बल्कि ‘नए नेपाल’ की शुरुआत के रूप में भी देखा जा रहा है।
बालेन शाह बने नेपाल के 47वें प्रधानमंत्री
नेपाल के राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल ने संविधान के अनुच्छेद 76(1) के तहत बालेन शाह को देश का 47वां प्रधानमंत्री नियुक्त किया।
काठमांडू में आयोजित भव्य समारोह में उन्होंने पद और गोपनीयता की शपथ ली।
इस दौरान समारोह में उपराष्ट्रपति,मुख्य न्यायाधीश,पूर्व प्रधानमंत्री,वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
पारंपरिक हिंदू रीति-रिवाजों और शंखनाद के साथ शपथ ग्रहण समारोह खास बन गया।
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PM मोदी ने दी बधाई, दिया बड़ा संकेत
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बालेन शाह को बधाई देते हुए अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर कहा कि
“बालेन्द्र शाह को नेपाल के प्रधान मंत्री के रूप में शपथ लेने पर हार्दिक बधाई।आपकी नियुक्ति नेपाल के लोगों द्वारा आपके नेतृत्व में जताए गए भरोसे को दर्शाती है। मैं हमारे दोनों लोगों के पारस्परिक लाभ के लिए भारत-नेपाल मित्रता और सहयोग को और भी अधिक ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए आपके साथ मिलकर काम करने के लिए उत्सुक हूं।”
Warm congratulations to Mr. Balendra Shah on being sworn in as the Prime Minister of Nepal.
Your appointment reflects the trust reposed in your leadership by the people of Nepal. I look forward to working closely with you to take India-Nepal friendship and cooperation to even…
— Narendra Modi (@narendramodi) March 27, 2026
कैसे शुरू हुआ बालेन शाह का राजनीतिक सफर
बालेन शाह का राजनीतिक सफर बेहद दिलचस्प रहा है । 2022 में निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में काठमांडू के मेयर बने जिसके बाद उन्होंने अपनी साफ छवि और कामकाज से लोगों का भरोसा जीता ।
बाद में राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (RSP) के साथ राष्ट्रीय राजनीति में एंट्री। Gen z आंदोलन के बाद हालिया चुनाव में बड़ी जीत हासिल, उन्होंने झापा-5 सीट से पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को हराकर इतिहास रच दिया।
भारत-नेपाल संबंधों पर क्या असर पड़ेगा?
भारत और नेपाल के रिश्ते ऐतिहासिक,सांस्कृतिक और आर्थिक रूप से मजबूत रहे हैं इसके साथ ही उम्मीद जताई जा रही हैं कि बालेन शाह के नेतृत्व में इंफ्रास्ट्रक्चर,व्यापार,कनेक्टिविटी में भी सहयोग बढ़ेगा ।
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नेपाल में युवा नेतृत्व से बढ़ी उम्मीदें
बालेन शाह के प्रधानमंत्री बनने से देश में नई उम्मीद जगी है। जनता को भरोसा है कि वे पारंपरिक राजनीति से अलग हटकर विकास और पारदर्शिता पर काम करेंगे।
अब सबकी नजर इस बात पर है कि वे अपने वादों को कैसे लागू करते हैं।और नेपाल को नई दिशा देने में कितने सफल होते हैं।
