देहरादून। राजधानी देहरादून के एक नामी स्कूल में छात्रा से सेनेटरी नैपकिन देने के बदले 20 रुपये लेने का मामला सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है। परिजनों की शिकायत पर प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।
जानकारी के अनुसार पलटन बाजार निवासी युवक ने सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यूष कुमार को शिकायत देकर बताया कि उनकी बेटी परेड ग्राउंड स्थित एक स्कूल में कक्षा 10 की छात्रा है।
पिछले सप्ताह स्कूल में मासिक धर्म के दौरान उसकी तबीयत बिगड़ गई थी। इस दौरान छात्रा ने स्कूल प्रबंधन से सेनेटरी नैपकिन मांगा, जिसके बदले उससे 20 रुपये लिए गए।
परिजनों ने उठाए सवाल
परिजनों का आरोप है कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा सभी स्कूलों में छात्राओं को निशुल्क सेनेटरी नैपकिन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं, इसके बावजूद स्कूल प्रबंधन द्वारा पैसे लिए गए।
शिकायत मिलने के बाद सिटी मजिस्ट्रेट ने मुख्य शिक्षा अधिकारी को मामले की विस्तृत जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
प्रशासन ने साफ किया है कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित स्कूल प्रबंधन के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
महिलाओं की सुरक्षा और सुविधाओं पर प्रशासन सख्त
इधर महिलाओं के लिए सुरक्षित और गरिमामय कार्यस्थल सुनिश्चित करने को लेकर जिला प्रशासन ने भी सख्त कदम उठाए हैं। अभिनव शाह की अध्यक्षता में हुई बैठक में सभी सरकारी और निजी कार्यालयों में आंतरिक शिकायत समिति (ICC) का गठन अनिवार्य करने के निर्देश दिए गए।
शौचालयों में लगेंगी सेनेटरी नैपकिन वेंडिंग मशीन
प्रशासन ने सभी कार्यालयों के शौचालयों में सेनेटरी नैपकिन वेंडिंग मशीन और इंसीनेरेटर लगाने के निर्देश भी जारी किए हैं। साथ ही महिला हेल्पलाइन नंबर 181 और 112 के व्यापक प्रचार-प्रसार पर भी जोर दिया गया।
सीडीओ अभिनव शाह ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, स्वास्थ्य और सम्मान से जुड़े मामलों में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाएगा।




