नई दिल्ली: देश के लाखों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स के बीच 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर नई चर्चा शुरू हो गई है। इसकी वजह पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा समान नागरिक संहिता (UCC) के मसौदे की समीक्षा के लिए गठित हाई-लेवल कमेटी है, जिसकी अध्यक्षता सुप्रीम कोर्ट की सेवानिवृत्त न्यायाधीश जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई को सौंपी गई है। नई जिम्मेदारी मिलने के बाद कर्मचारियों के बीच यह सवाल उठने लगा है कि क्या इससे 8वें वेतन आयोग की रिपोर्ट में देरी हो सकती है।
UCC ड्राफ्ट कमेटी की कमान भी संभालेंगी जस्टिस रंजना देसाई
पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य में यूसीसी-2026 के मसौदे की समीक्षा के लिए 9 सदस्यीय विशेषज्ञ समिति का गठन किया है। इस समिति की अध्यक्ष जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई को बनाया गया है। इससे पहले वह उत्तराखंड और महाराष्ट्र में भी यूसीसी ड्राफ्ट तैयार करने वाली समितियों की अध्यक्ष रह चुकी हैं।
इसी बीच जस्टिस देसाई 8वें केंद्रीय वेतन आयोग की चेयरपर्सन भी हैं, जिसके कारण कर्मचारियों के बीच यह चिंता बढ़ गई है कि लगातार बढ़ती जिम्मेदारियों का असर आयोग की कार्यप्रणाली पर पड़ सकता है।
कर्मचारियों ने सरकार से मांगा स्पष्टीकरण
इस मुद्दे पर अखिल भारतीय एनपीएस कर्मचारी महासंघ (AINPSEF) ने भी चिंता जताई है। महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनजीत सिंह पटेल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर जस्टिस रंजना देसाई को नई जिम्मेदारी के लिए बधाई दी, लेकिन साथ ही केंद्र सरकार से यह स्पष्ट करने की मांग की कि 8वें वेतन आयोग का काम तय समय पर पूरा होगा या नहीं।
उन्होंने कहा कि लाखों केंद्रीय कर्मचारी और पेंशनर्स वेतन आयोग की सिफारिशों का इंतजार कर रहे हैं। ऐसे में सरकार को जल्द आधिकारिक स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए, ताकि कर्मचारियों के बीच बनी अनिश्चितता समाप्त हो सके।
माननीय रंजना प्रकाश देसाई जी को बधाई
💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐
अखिल भारतीय एनपीएस कर्मचारी महासंघ (AINPSEF) पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) के ड्राफ्ट कमेटी की चेयरपर्सन के रूप में न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई जी की नियुक्ति का स्वागत करता है। देसाई जी पहले… pic.twitter.com/UU8WZgr4SJ— Dr Manjeet Singh Patel (@ManjeetIMOPS) July 16, 2026
कहां तक पहुंचा 8वें वेतन आयोग का काम?
जानकारी के अनुसार 8वें वेतन आयोग का गठन नवंबर 2025 में किया गया था। आयोग ने अपनी रिपोर्ट तैयार करने के लिए 17 महीने का समय मांगा है। हाल ही में आयोग की महत्वपूर्ण बैठक कोलकाता में संपन्न हुई, जिसमें विभिन्न कर्मचारी संगठनों और हितधारकों से सुझाव एवं मांगें प्राप्त की गईं।
फिलहाल आयोग अपना काम जारी रखे हुए है। हालांकि सरकार की ओर से अब तक ऐसा कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है, जिसमें यह कहा गया हो कि जस्टिस रंजना देसाई की नई नियुक्ति के कारण 8वें वेतन आयोग की रिपोर्ट में देरी होगी। इसलिए फिलहाल कर्मचारियों की चिंता केवल आशंकाओं पर आधारित है, किसी आधिकारिक पुष्टि पर नहीं।





