रुद्रपुर : गदरपुर मटकोटा रोड स्थित छतरपुर रेलवे क्रॉसिंग पर फ्लाईओवर निर्माण, रेलवे स्टेशन पर यात्री गाड़ियों के ठहराव, गदरपुर-मटकोटा मार्ग के चौड़ीकरण और सड़क हादसों में मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की चार सूत्रीय मांगों को लेकर आज से अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू हो गया है।
धरना स्थल से मिली जानकारी के अनुसार क्षेत्रवासियों की सबसे पहली मांग छतरपुर रेलवे क्रॉसिंग पर स्वीकृत फ्लाईओवर का कार्य जल्द से जल्द शुरू करने की है। बताया गया कि 6 वर्ष पूर्व युवा कांग्रेस नेता किशोर कुमार द्वारा इसी मांग को लेकर लंबा धरना दिया गया था, जिसके बाद प्रशासन के आश्वासन पर धरना समाप्त हुआ था। केंद्र और राज्य सरकार से स्वीकृति मिलने के बावजूद आज तक कार्य शुरू नहीं हो सका है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है।
ग्रामीणों ने बताया कि रेलवे फाटक के कारण लोगों को रोजाना ढाई से तीन घंटे तक जाम में फंसना पड़ता है, जो रोजमर्रा की जिंदगी में बड़ी बाधा बन गया है।
दूसरी मांग गदरपुर-मटकोटा मार्ग के चौड़ीकरण और बीच में डिवाइडर बनाने की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्तमान सड़क की चौड़ाई आबादी और वाहनों के भारी दबाव के हिसाब से पर्याप्त नहीं है। पिछले 5 वर्षों में इस मार्ग पर कई दर्जन लोग सड़क हादसों में अपनी जान गंवा चुके हैं।
तीसरी मांग छतरपुर रेलवे स्टेशन पर यात्री गाड़ियों के ठहराव की है। वर्तमान में यह स्टेशन केवल मालगाड़ियों के लिए खुला है, जबकि हल्दी रेलवे स्टेशन बंद होने के बाद इस क्षेत्र में आबादी काफी बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि स्टेशन पहले से बना हुआ है, इसलिए यात्री गाड़ियों के ठहराव से सरकार पर कोई अतिरिक्त वित्तीय भार नहीं पड़ेगा, लेकिन क्षेत्रवासियों को बड़ी राहत मिलेगी।
चौथी मांग सड़क हादसों में जान गंवाने वाले चार दर्जन से अधिक मृतकों के परिजनों को आर्थिक मुआवजा देने की है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जिन परिवारों ने अपना कमाने वाला खो दिया, उन्हें आज तक कोई सरकारी मदद नहीं मिली है।
धरना प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि जब तक चारों मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा।
इस संबंध में स्थानीय सांसद, विधायक और अधिकारियों को कई बार अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।






