देहरादून। सीआईएमएस कॉलेज (CIMS College) के माइक्रोबायोलॉजी विभाग द्वारा अन्तर्राष्ट्रीय सूक्ष्म जीव दिवस (International Microorganism Day 2025) बड़े उत्साह और धूमधाम से मनाया गया।
इस अवसर पर छात्रों ने पोस्टर प्रदर्शनी, प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता, नाटक और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए सूक्ष्मजीव विज्ञान (Microbiology) की महत्ता को उजागर किया।
मुख्य अतिथि का संबोधन
कार्यक्रम में सीआईएमएस एंड यूआईएचएमटी ग्रुप ऑफ कॉलेज के चेयरमैन एडवोकेट ललित मोहन जोशी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि “सूक्ष्मजीव विज्ञान चिकित्सा, शोध और समाज के स्वास्थ्य संरक्षण में बेहद अहम भूमिका निभा रहा है। इस तरह के आयोजन छात्रों को भविष्य में वैज्ञानिक और शोधकर्ता बनने के लिए प्रेरित करते हैं।”
विशेषज्ञों ने बताए सूक्ष्मजीव विज्ञान के लाभ
कार्यक्रम की मुख्य वक्ता डॉ. डिंपल रैना ने आधुनिक चिकित्सा विज्ञान, रोग नियंत्रण और सार्वजनिक स्वास्थ्य (Public Health) में माइक्रोबायोलॉजी की भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने छात्रों को इस सतत विकसित होते क्षेत्र में शोध और अध्ययन के लिए प्रेरित किया।
वहीं पैरामेडिकल विभागाध्यक्ष स्वाति शर्मा ने कहा कि “सूक्ष्मजीव हमारी रोजमर्रा की ज़िंदगी का हिस्सा हैं। स्वास्थ्य से लेकर पर्यावरण तक, इनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। अन्तर्राष्ट्रीय सूक्ष्म जीव दिवस छात्रों और शोधकर्ताओं को ज्ञान साझा करने का मंच प्रदान करता है।”
सांस्कृतिक व शैक्षणिक गतिविधियाँ
माइक्रोबायोलॉजी विभाग के विद्यार्थियों ने पोस्टर, प्रश्नोत्तरी, नाटक, नृत्य और कोरोना पर आधारित स्किट प्रस्तुत कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। पूरे कार्यक्रम में वैज्ञानिक जिज्ञासा और उत्साह का माहौल देखने को मिला।
कार्यक्रम में रही विशेष उपस्थिति
इस अवसर पर सीआईएमएस एंड यूआईएचएमटी ग्रुप ऑफ कॉलेज के मैनेजिंग डायरेक्टर संजय जोशी, उत्तराखण्ड डिफेंस एकेडमी के डायरेक्टर (रिटा.) मेजर ललित सामंत, प्रशासनिक अधिकारी कर्नल जो. एस. नेगी, सीआईएमएस कॉलेज ऑफ पैरामेडिकल के प्राचार्य डॉ. आर. एन. सिंह, नर्सिंग कॉलेज की प्रधानाचार्या चेतना गौतम, माइक्रोबायोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. प्रेरणा बड़ोनी, डॉ. मेघा पंत व खुशी सब्बरवाल समेत 300 से अधिक छात्र-छात्राएं और शिक्षण-कर्मचारी उपस्थित रहे।



