देहरादून। उत्तराखंड में मानसून का इंतजार कर रहे लोगों को अभी और प्रतीक्षा करनी पड़ सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, मानसून फिलहाल छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के आसपास सक्रिय है और अगले एक सप्ताह तक इसके उत्तराखंड पहुंचने की संभावना बेहद कम है। हालांकि, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदला हुआ है।
मैदानी क्षेत्रों में तेज धूप और बादलों की आवाजाही के बीच उमस लोगों को परेशान कर रही है, जबकि पर्वतीय जिलों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी है।
मौसम विज्ञान केंद्र ने मंगलवार के लिए राज्य के आठ जिलों में बारिश, गर्जन और तेज हवाओं को लेकर यलो अलर्ट जारी किया है।
मैदानी इलाकों में उमस से बेहाल लोग
सोमवार को राजधानी देहरादून समेत प्रदेश के अधिकांश मैदानी क्षेत्रों में दिनभर धूप और बादलों की आंख-मिचौली देखने को मिली। सामान्य से अधिक तापमान के कारण लोगों को गर्मी और उमस का सामना करना पड़ा। दूसरी ओर, पर्वतीय क्षेत्रों में बादलों की आवाजाही के साथ हल्की बारिश दर्ज की गई, जिससे मौसम सुहावना बना रहा।
इन 8 जिलों में बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार मंगलवार को उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल, देहरादून, टिहरी और पिथौरागढ़ जिलों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
इसके साथ ही गर्जन और बिजली चमकने की भी संभावना जताई गई है। राज्य के अन्य जिलों में भी कहीं-कहीं हल्की बारिश के आसार बने हुए हैं।
यलो अलर्ट जारी, 50 किमी प्रति घंटा तक चल सकती हैं हवाएं
मौसम विज्ञान केंद्र ने उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, देहरादून, टिहरी, नैनीताल और पिथौरागढ़ जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार इन क्षेत्रों में आकाशीय बिजली चमकने, गर्जन होने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं।
अगले तीन दिन ऐसा रहेगा मौसम
मौसम विभाग का कहना है कि अगले तीन दिनों तक प्रदेश में मौसम का मिजाज लगभग इसी तरह बना रहेगा। पहाड़ी जिलों में कहीं-कहीं बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां जारी रह सकती हैं, जबकि मैदानी इलाकों में गर्मी और उमस से राहत मिलने की संभावना फिलहाल कम दिखाई दे रही है।
कब पहुंचेगा उत्तराखंड में मानसून?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार मानसून की प्रगति फिलहाल अपेक्षित गति से धीमी है। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए उत्तराखंड में मानसून के आगमन में अभी करीब एक सप्ताह का समय लग सकता है। ऐसे में लोगों को फिलहाल गर्मी और उमस का सामना करना पड़ सकता है।





