6 August 2025 – आज Reserve Bank of India (RBI) की Monetary Policy Committee (MPC) की बैठक के बाद देशभर के बैंक उपभोक्ताओं को उस वक्त थोड़ी निराशा हुई जब RBI Governor Sanjay Malhotra ने घोषणा की कि इस बार Repo Rate में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
Repo Rate 5.50% पर स्थिर (unchanged) रखी गई है, जिससे यह साफ हो गया है कि अभी loan EMI में कोई राहत नहीं मिलेगी।
📌 EMI पर क्या होगा असर?
रेपो रेट में बदलाव न होने का मतलब यह है कि:
- Home Loan EMI और Personal Loan EMI में फिलहाल कोई कटौती नहीं होगी।
- जो ग्राहक loan refinancing की उम्मीद कर रहे थे, उन्हें अभी थोड़ा और इंतज़ार करना होगा।
RBI का तर्क: तटस्थ रुख, संतुलन बनाए रखना प्राथमिकता
गवर्नर Sanjay Malhotra ने कहा:
“ब्याज दरों का फैसला भारतीय अर्थव्यवस्था की वर्तमान स्थिति और भविष्य की संभावनाओं को देखते हुए लिया गया है। हम मौद्रिक नीति में Neutral Stance बनाए रख रहे हैं।”
इसका मतलब है कि RBI अभी न तो कोई बड़ी सख्ती दिखाएगा और न ही ज्यादा ढील देगा। यह कदम एक Balanced Monetary Policy की दिशा में उठाया गया है।
📉 पिछली कटौतियों की बात करें तो:
- जून में RBI ने 50 basis points की कटौती की थी।
- अप्रैल में 25 basis points कम किए गए थे।
लेकिन मौजूदा ग्लोबल इकोनॉमिक कंडीशन और घरेलू स्थिरता को देखते हुए इस बार स्थिरता को तरजीह दी गई।
🌦️ मजबूत मानसून और त्योहारी सीजन से उम्मीद
गवर्नर मल्होत्रा ने भरोसा जताया कि भारतीय अर्थव्यवस्था जल्द ही रफ्तार पकड़ेगी:
- इस साल Good Monsoon ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को समर्थन दिया है।
- आने वाले Festive Season में Consumer Spending बढ़ने की संभावना है।
- सरकार और RBI की नीतियों से बाजार को पर्याप्त स्थिरता और सहारा मिल रहा है।
🌍 Global Challenges: सतर्क रहना जरूरी
हालांकि उन्होंने यह भी चेताया कि:
“Global Geopolitical Tensions और Supply Chain Disruptions अभी भी चुनौती बने हुए हैं।”
इसलिए नीति में फिलहाल कोई बड़ा बदलाव करना जोखिम भरा हो सकता था।
📊 Indian Economy Outlook: आशावादी नजरिया
RBI को भरोसा है कि:
- देश की Economic Growth मध्यावधि में बनी रहेगी।
- Inflation Control में भी संतुलन बना रहेगा।
- Domestic Consumption और Investment Sentiment में भी सुधार होगा।



