देहरादून: सहसपुर कोतवाली क्षेत्र के बैरागीवाला गांव में भाजपा ओबीसी मोर्चा के जिला सोशल मीडिया सह-संयोजक विनोद कुमार की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 12 नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
मामले में अब तक चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है। घटना के बाद गांव में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है और सुरक्षा के मद्देनजर भारी पुलिस बल एवं पीएसी तैनात की गई है।
12 नामजद समेत कई लोगों पर हत्या का मुकदमा
मृतक विनोद कुमार के भाई अशोक कुमार की तहरीर पर सहसपुर पुलिस ने रज्जाक, इम्तियाज, अमन, युनुस, शहबाज, शराफत अली, मासूम, आदिल, शमून, सलमान, जावेद, इंतजार समेत अन्य लोगों के खिलाफ हत्या और जानलेवा हमले की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि सभी आरोपी हथौड़े, बेलचे, लाठी-डंडे और अन्य हथियारों से लैस होकर उनके घर पहुंचे और पूरे परिवार पर हमला कर दिया।
हथौड़े के वार से भाजपा नेता की गई जान
तहरीर के अनुसार, शनिवार शाम पानी के विवाद को लेकर आरोपी पक्ष बड़ी संख्या में मृतक के घर पहुंचा था। देखते ही देखते विवाद हिंसक झड़प में बदल गया।
आरोप है कि हमलावरों ने भाजपा नेता विनोद कुमार पर हथौड़े से कई वार किए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। अस्पताल ले जाने के बाद उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। हमले में अशोक कुमार, राजेश और सुषमा भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
चार आरोपी गिरफ्तार, पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई जारी
पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों में रज्जाक , सलमान , जावेद और शहबाज शामिल हैं। सभी आरोपी बैरागीवाला गांव के निवासी बताए गए हैं। पुलिस फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।
हत्याकांड के बाद भड़का आक्रोश, आरोपियों के घरों में तोड़फोड़ और आगजनी
भाजपा नेता की हत्या की खबर फैलते ही क्षेत्र में भारी आक्रोश फैल गया। रविवार को बजरंग दल, विश्व हिंदू परिषद और अन्य हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में गांव पहुंचे।
गुस्साए लोगों ने आरोपियों के घरों पर पथराव किया, तोड़फोड़ की और कुछ स्थानों पर आगजनी भी की। प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों का सामान बाहर निकालकर आग के हवाले कर दिया।
आरोपियों के मकानों पर चला बुलडोजर
तनावपूर्ण हालात के बीच प्रशासन और पुलिस की टीम बुलडोजर लेकर गांव पहुंची। अधिकारियों ने आरोपियों के मकानों को चिन्हित कर कार्रवाई शुरू की। बुलडोजर कार्रवाई के दौरान पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए और पुलिस बल को हाई अलर्ट पर रखा गया।
सीएम धामी का सख्त संदेश
घटना पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि उत्तराखंड की शांति और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग कानून को हाथ में लेकर हिंसा फैलाने का प्रयास करेंगे, उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा, “देवभूमि उत्तराखंड में जिहादी और हिंसक मानसिकता के लिए कोई स्थान नहीं है। कानून को चुनौती देने वालों को ऐसा दंड मिलेगा कि भविष्य में कोई भी ऐसी हरकत करने से पहले सौ बार सोचेगा।”
गांव में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
हत्याकांड और उसके बाद हुए बवाल को देखते हुए बैरागीवाला गांव में भारी पुलिस बल, पीएसी और वरिष्ठ अधिकारियों की तैनाती की गई है। प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की अफवाह फैलाने वालों पर भी कार्रवाई की जाएगी।
पानी के विवाद से शुरू हुई थी खूनी रंजिश
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से पानी और खेत से जुड़े विवाद को लेकर तनाव चल रहा था। शनिवार को इसी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और भाजपा नेता विनोद कुमार की जान चली गई। अब पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।





