श्रीनगर गढ़वाल:जयप्रकाश नोगाई
उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल के निर्देश एवं जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण पौड़ी गढ़वाल के आदेशानुसार शनिवार, 18 जुलाई 2026 को बाह्य न्यायालय श्रीनगर में विशेष लोक अदालत का आयोजन किया गया। इस विशेष लोक अदालत का उद्देश्य परक्राम्य लिखत अधिनियम (Negotiable Instruments Act) की धारा 138 से संबंधित लंबित मामलों का शीघ्र एवं सौहार्दपूर्ण निस्तारण करना था।
विशेष लोक अदालत की अध्यक्षता सिविल जज एवं न्यायिक मजिस्ट्रेट (प्रथम श्रेणी) कु. अलका ने की। उनके साथ लोक अदालत पीठ में सदस्य के रूप में वरिष्ठ अधिवक्ता प्रदीप मैठाणी उपस्थित रहे।
लोक अदालत के दौरान धारा 138 NI एक्ट (चेक बाउंस) से जुड़े कुल 5 मामलों का आपसी सहमति एवं विधिक प्रक्रिया के तहत सफलतापूर्वक निस्तारण किया गया। इससे संबंधित पक्षों को लंबी न्यायिक प्रक्रिया से राहत मिली और विवादों का त्वरित समाधान संभव हो सका।
इस अवसर पर बार एसोसिएशन श्रीनगर के अध्यक्ष प्रमेश चंद्र जोशी, संरक्षक अनूप श्री पांथरी, महासचिव ब्रह्मानंद, पूर्व महासचिव विकास पंत, पूर्व उपाध्यक्ष विवेक जोशी, देवी प्रसाद खरे, कोषाध्यक्ष सुबोध भट्ट, विकास कठैत, आर.पी. थपलियाल, राखी राय, महेंद्र पाल सिंह रावत, भूपेंद्र पुंडीर, सुरेंद्र सिंह रौथान, सुधीर उनियाल, चंद्रभानु तिवारी, बलवीर सिंह रौतेला, नितेश भारती, गौरव उपाध्याय, कविता मेवाड़, कुलदीप दानू, प्रेरणा काला, लक्ष्मीकांत सहित अनेक अधिवक्ता मौजूद रहे।
कार्यक्रम में न्यायालय के रीडर निर्मल सिंह, ज्योतिष धिल्डियाल, शिवानी बिष्ट, सोहन सिंह तथा आनंद प्रसाद भारती सहित न्यायालय के अन्य कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने कहा कि विशेष लोक अदालतों का उद्देश्य लंबित मामलों का त्वरित, सुलभ और सौहार्दपूर्ण समाधान सुनिश्चित करना है, ताकि न्याय व्यवस्था पर बोझ कम हो और आम नागरिकों को शीघ्र न्याय मिल सके।






