कुमाऊँ ब्यूरो विशाल सक्सेना
दिनेशपुर (ऊधमसिंहनगर) कहते हैं कानून सबके लिए बराबर है, लेकिन नगर पंचायत दिनेशपुर में यह कहावत बिल्कुल उल्टी नजर आ रही है, जहाँ एक ओर पुलिस और परिवहन विभाग आम नागरिकों को बिना हेलमेट, बिना इंश्योरेंस और बिना पॉल्यूशन (PUC) के पकड़कर हजारों के चालान काट देती है, वहीं नगर पंचायत दिनेशपुर का सरकारी वाहन खुद ही बिना कागजों के सड़कों पर फर्राटा भर रहा है।
मामला क्या है?
नगर पंचायत दिनेशपुर के कार्यालयीन कार्यों में उपयोग होने वाली महिंद्रा बोलेरो, वाहन संख्या UK06.GA.0166 है और जिस पर उत्तराखंड सरकार लिखा हुआ है, वह पूरी तरह से नियमों की अनदेखी कर चल रही है, प्राप्त जानकारी के अनुसार इस वाहन का बीमा (Insurance) और प्रदूषण प्रमाण पत्र (Pollution Certificate) दोनों ही एक्सपायर हो चुके हैं, इसके बावजूद यह वाहन रोजाना ऑफिस के कामों में इस्तेमाल हो रहा है।

बड़ा सवाल खड़ा होता है
1. जब सरकार के अधीन चलने वाला विभाग ही बिना बीमा के गाड़ी चलाएगा तो हादसा होने पर जिम्मेदार कौन होगा?
2. बिना PUC के चलने वाले वाहन से फैल रहे प्रदूषण का जिम्मेदार कौन?
3. क्या सरकारी गाड़ियों के लिए मोटर व्हीकल एक्ट अलग है?

स्थानीय लोगों में इसको लेकर काफी आक्रोश है, लोगों का कहना है कि आम आदमी का 100 रुपया का PUC खत्म होने पर हजारों का चालान काट दिया जाता है, लेकिन सरकारी विभाग का वाहन बिना कागज के चल रहा है, उस पर कोई कार्रवाई क्यों नहीं।
अब देखना यह होगा कि इस खबर के बाद आरटीओ ऊधमसिंहनगर और पुलिस प्रशासन इस सरकारी वाहन पर कार्रवाई करता है या फिर मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है।


