जवान की धमकी : पुलिस के ज्यादा चक्कर में मत पड़ भुला। समझा रहा हूँ, बाकी तुम्हारी मर्जी !!

 उत्तराखंड में जब से पुलिस के दरोगा और सिपाहियों को देहरादून के हाईप्रोफाइल करोड़ों की लूट के मामले में जमानत मिली है और उनके खिलाफ कार्यवाही को जिस तरीके से पुलिस महकमे ने ढील दी है, तब से पुलिस फोर्स अराजक सी हो गई है। पुलिसकर्मी किस तरह से आम जनता को धमकाने लगे हैं, […]

 उत्तराखंड में जब से पुलिस के दरोगा और सिपाहियों को देहरादून के हाईप्रोफाइल करोड़ों की लूट के मामले में जमानत मिली है और उनके खिलाफ कार्यवाही को जिस तरीके से पुलिस महकमे ने ढील दी है, तब से पुलिस फोर्स अराजक सी हो गई है।
पुलिसकर्मी किस तरह से आम जनता को धमकाने लगे हैं, इसका एक नया उदाहरण सामने आया है।
 गौरतलब है कि पिछले दिनों पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार में 15 दिन तक के लिए चालान काटने पर सीपीयू को रोक लगा दी थी तथा कहा था कि वह केवल अपराध पर ध्यान देंगे। किंतु सीपीयू वाले नहीं माने।
 देहरादून के ब्राइट लैंड स्कूल के पास सीपीयू कर्मी बाइक वालों का चालान काट रहे थे तो एक जागरूक नौजवान नवीन चौहान ने पुलिस वालों का वीडियो बनाना शुरू कर दिया। यह देखकर सीपीयू वाले वहां से चले गए।
उसके बाद नवीन चौहान ने फोटो वीडियो और डीजीपी अशोक कुमार द्वारा दिए गए आदेश की एक न्यूज़ कटिंग सोशल मीडिया पर पोस्ट की और पब्लिक को आगाह किया कि यदि कोई सीपीयू चालान काटे तो उसे अपनी फेसबुक पर अपलोड कर दे तथा डीजीपी से शिकायत करें।
 बस फिर क्या था जब नवीन चौहान ने यह फोटो आपने फेसबुक पर शेयर की तो सबने अपने-अपने सुझाव कमैंट्स साझा किए।
 वहीं जगमोहन सिंह पंवार जो कि पुलिस में तैनात है, वह कमेंट में नवीन चौहान को लिखते है कि ” पुलिस के चक्कर में मत पड़ भुला ! अभी समझा रहा हूं बाकी तुम्हारी मर्जी ।”
 इनका कमेंट  देख कर अंदाजा लगा लीजिए हिदायत दे रहे हैं या धमकी ? सोशल मीडिया पर खुलेआम पुलिस की देखने को मिल रही है  पुलिस के नुमाइंदे किस तरह सोशल मीडिया के माध्यम से धमकी देने लगे हैं।
पुलिसकर्मी के इस कमेंट पर पब्लिक ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है किंतु कुछ और पुलिसकर्मी भी इस पोस्ट पर कमेंट करने लग गए और पोस्ट करने वाले की इस अंदाज में मजाक उड़ाने लगे कि पुलिस वाले तुमसे भला क्यों डरने लगें !
पब्लिक ने अपने कमेंट में पुलिस वालों को ऐसे व्यवहार का खामियाजा भुगतने की चेतावनी देते हुए उत्तराखंड के पुलिसया सिस्टम की जमकर आलोचना की।
 अहम सवाल यह है कि उच्चाधिकारियों द्वारा कठोर कार्यवाही न करने से बीते कुछ दिनों से अनुशासित फोर्स होने का दावा करने वाली पुलिस हो क्या गया है !
पुलिस की गुंडागर्दी से ऐसा संदेश जा रहा है कि ऐसे पुलिस वालों ने अपने महकमे में किसी न किसी बड़े पुलिस अधिकारी का संरक्षण प्राप्त कर रखा है और वह इसी के दम पर अनुशासनहीनता फैला रहे हैं।
पुलिसकर्मी सरेआम पब्लिक को पीट रहे है और गुंडागर्दी फैला रहे हैं इससे पूरा पुलिस महकमा बदनाम हो रहा है।

Also Read This

बड़ी खबर : रास्ते में ग्रामीण को मिले डीएम, समस्या सुन तुरंत सम्बंधित अधिकारियों को दिए निर्देश 

होम स्टे एवं ट्रेकिंग ट्रैक्शन योजना के अनुदान से जुड़ा मामला, बैंक और पर्यटन विभाग को औपचारिकताएं शीघ्र पूरी करने के निर्देशउत्तरकाशी, 12...

वीडियो : जुड़वा प्रसव के दौरान महिला की हालत बिगड़ी, हेली एंबुलेंस से देहरादून रेफर

नौगांव/उत्तरकाशी, 12 अगस्त 2026।नीरजउत्तराखंडी नौगांव स्वास्थ्य केंद्र में जुड़वा गर्भावस्था के दौरान प्रसव करा रही 28 वर्षीय महिला की हालत गंभीर होने पर जिला प्रशासन...

Related Posts