बदहाली:पहाड़ी जनपदों में दम तोड़ती जीवनदायिनी 108 एंबुलेंस

रिपोर्ट / गिरीश चंदोला

थराली:

  उत्तराखंड में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली का मुद्दा यूँ तो हर चुनाव में उठता है और अक्सर विपक्षी दल इसे ही चुनावी ब्रह्मास्त्र मानकर सूबे की जनता के वोट डकारने में कोई कोर कसर नही छोड़ते लेकिन एक बार सत्ता हाथ मे आ जाये फिर 5 साल न तो इन मुद्दों पर बात होती है और न ही सुधार |

जी हाँ हम ऐसा इसलिए कह रहे हैं क्योंकि कुछ इसी तरह की तस्वीरें निकलकर सामने आई है|थराली विधानसभा से जहां बीमारों को अस्पताल पहुंचाने वाली जीवनदायिनी 108 सेवा खुद बीमार चल रही है और इतनी बीमार कि महज दो कदम धकेलने के लिए 108 सेवा को राहगीरों का इंतजार करना पड़ रहा है|  तब जाकर कहीं 108 सेवा आगे बढ़कर बीमारों को अस्पताल पहुंचा पा रही है ।

तस्वीरे थराली नगर क्षेत्र के सिमलसैंण की है, जहाँ बीच सड़क पर अचानक एक 108 वाहन चलते चलते अचानक बन्द हो गई | जिसके बाद राह चलते लोगो और आसपास के स्थानीय लोगो की मदद से किसी तरह धक्का लगाकर वाहन को ढलान तक ले जाया गया ताकि वाहन स्टार्ट हो सके|  

हालाँकि गनीमत ये रही कि, उस वक्त वाहन में कोई भी मरीज नहीं था लेकिन ज़रा सोचिए अगर वाहन में कोई रेफर किया गया मरीज होता तो ये बीमार वाहन क्या समय रहते बीमार को अस्पताल पहुंचा पाता |

ये तस्वीरे बताती हैं कि, उत्तराखंड बनने के 20 वर्ष बाद भी पहाड़ो में 108 सेवा किस तरह दम तोड़ रही है| 

📢 खबरों को सबसे पहले पाने के लिए पर्वतजन को फॉलो करें

👉 WhatsApp Channel Join करें 👉 WhatsApp Group Join करें 📲 App Download करें

Related Posts