देहरादून। उत्तराखंड सचिवालय में क्लास वन अफसर (अनु सचिव) राजेश कुमार के साथ लगभग 1 महीने पहले मारपीट और गाली-गलौज का मामला सामने आया था। जिसके बाद इस घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने अनु सचिव की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
क्या है मामला?
पुलिस के अनुसार, अनु सचिव राजेश कुमार की संपत्ति भक्ति एनक्लेव, गढ़वाल कॉलोनी, आईटीबीपी रोड, निरंजनपुर में स्थित है। वहां निर्माण कार्य कराने के लिए ठेकेदार नूर मोहम्मद और उसके साथी शुएब ने मिलकर फर्जी कंपनी “सिटी इंफाटेक” बनाई और धोखाधड़ी की। इस मामले में अनु सचिव ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत की थी, जिसके बाद थाना वसंत विहार, देहरादून में मुकदमा दर्ज किया गया।
इसके बाद आरोपी शुएब ने राजेश कुमार को फोन कर माफी मांगने और मिलने का समय मांगा। सचिवालय में प्रवेश के लिए शुएब और नावेद अली ने “ई-गेट पास पोर्टल” पर आवेदन किया, जिसे राजेश कुमार ने स्वीकृति दे दी।
सचिवालय में घुसकर अभद्रता और मारपीट
आरोप है कि जब शुएब और नावेद अली सचिवालय में अनु सचिव के कार्यालय पहुंचे, तो पहले सामान्य बातचीत हुई, लेकिन अचानक दोनों ने अभद्रता, मारपीट और गाली-गलौज शुरू कर दी। इतना ही नहीं, दोनों ने अनु सचिव को मुकदमा वापस लेने की धमकी दी और कहा कि अगर ऐसा नहीं किया तो उनकी छवि धूमिल कर देंगे।
कार्यालय के कर्मचारियों के हस्तक्षेप के बावजूद दोनों आरोपी नहीं माने और जान से मारने तक की धमकी दी।
सचिवालय जैसी महत्वपूर्ण जगह पर इस तरह की घटना से प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ हैं। पुलिस अब पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की तैयारी कर रही है।




