ब्रेकिंग : त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की अधिसूचना जारी, दो चरणों में होंगे मतदान

देहरादून, 21 जून 2025 – उत्तराखंड राज्य निर्वाचन आयोग ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर प्रेसवार्ता आयोजित कर आगामी चुनाव कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी साझा की। आयोग ने बताया कि 19 जून को पंचायतों में आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद सचिव पंचायती राज द्वारा चुनाव की अधिसूचना जारी कर दी गई, जिसे आज राज्य निर्वाचन आयोग ने सार्वजनिक किया।

अब आगामी 23 जून को सभी जिलाधिकारी अपने-अपने जिलों में चुनाव की अधिसूचना जारी करेंगे। इसके बाद नामांकन प्रक्रिया 25 जून से 28 जून तक चलेगी, जो प्रतिदिन सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक संपन्न होगी।

दो चरणों में होंगे पंचायत चुनाव

त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव इस बार दो चरणों में कराए जाएंगे:

  • पहले चरण का प्रतीक आवंटन 3 जुलाई को होगा, और मतदान 10 जुलाई को सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक किया जाएगा।
  • दूसरे चरण का प्रतीक आवंटन 8 जुलाई को होगा, जबकि मतदान 15 जुलाई को संपन्न होगा।

पूरे चुनाव की मतगणना 19 जुलाई 2025 को विकासखंड स्तर पर की जाएगी।

आज से राज्य में आचार संहिता लागू

राज्य निर्वाचन आयोग ने बताया कि आज से पूरे राज्य में आदर्श आचार संहिता लागू कर दी गई है। चुनाव के निष्पक्ष संचालन के लिए सभी जिला प्रशासन, पुलिस और आबकारी विभाग को निर्देश जारी कर दिए गए हैं।

हरिद्वार छोड़ 12 जिलों में होंगे चुनाव

इस बार हरिद्वार जिले को छोड़कर 12 जिलों में पंचायत चुनाव होंगे। ग्राम प्रधान, ग्राम पंचायत सदस्य, क्षेत्र पंचायत सदस्य (बीडीसी), और जिला पंचायत सदस्य के लिए मतदान होगा।

मतदान केंद्र और सुरक्षा व्यवस्था

  • राज्य भर में 10,000 से अधिक मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें औसतन 750 मतदाता प्रति केंद्र होंगे।
  • चुनाव प्रक्रिया में 95,000 से अधिक अधिकारी-कर्मचारी, और 35,700 सुरक्षाकर्मी तैनात किए जाएंगे।
  • 5600 वाहन इस प्रक्रिया में लगाए जाएंगे।
  • 55 सामान्य प्रेक्षक और 12 आरक्षित प्रेक्षक चुनाव की निगरानी करेंगे।

दिव्यांग मतदाताओं के लिए विशेष सुविधा

दिव्यांग मतदाताओं को मतदान में सहयोग के लिए विशेष सुविधा और हेल्पलाइन 18001804280 जारी की गई है।

66,000 पदों के लिए तैयारियां पूरी

इस बार के पंचायत चुनाव में कुल 66,000 से अधिक पदों के लिए मतदान होना है। राज्य में 4,56,793 नए मतदाता पहली बार चुनाव में भाग लेंगे, जो पिछले चुनावों की तुलना में 10.5% की वृद्धि को दर्शाता है।

बीमा सुरक्षा और आपदा प्रबंधन के निर्देश

  • चुनाव ड्यूटी में लगे कर्मचारियों को 10 लाख रुपये तक का बीमा कवर दिया जाएगा, जिसका प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका है।
  • मानसून के मद्देनजर प्रथम चरण में दूरस्थ क्षेत्रों को शामिल किया गया है, ताकि मौसम का असर न पड़े।
  • आपदा प्रबंधन सचिव को मौसम की स्थिति के अनुसार आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

राज्य निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता सर्वोच्च प्राथमिकता है, और इस दिशा में सभी आवश्यक प्रबंध किए गए हैं। अब प्रदेश भर में चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं और गांव-गांव में प्रचार की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं।

 

📢 खबरों को सबसे पहले पाने के लिए पर्वतजन को फॉलो करें

👉 WhatsApp Channel Join करें 👉 WhatsApp Group Join करें 📲 App Download करें

Related Posts