उत्तराखंड के गांव में प्रशासन किस तरह से जबरदस्ती शराब की दुकानें खुलवाने पर आमादा है, उसका एक बड़ा उदाहरण है यह वीडियो।
देखिए वीडियो
https://youtu.be/isqP7-70DcU
इस वीडियो में यमकेश्वर के मोहन चट्टी में शराब की दुकान खुलवाने का विरोध कर रहे ग्रामीणों को एसडीएम का गुस्सा भारी पड़ गया।
https://youtu.be/_d3KC6zdBBk
SDM कमलेश मेहता ने शराब का विरोध कर रहे ग्रामीणों सहित ग्राम प्रधान से भी जमकर बदसलूकी की।

एसडीएम चुनौती देते हुए कहने लगे कि “मैं तुम्हें चुनौती देता हूं तुम कैसे दुकान बंद करवाते हो मैं अभी पूरी पीएससी यहां लगा दूंगा।”
जब एक महिला उनसे शराब की दुकान जबरदस्ती न खुलवाने की बात करने के लिए आगे आई तो SDM के खौफ के मारे उसे पीछे हट जाना पड़ा और डरी हुई महिला यह कहते हुए पीछे हट गई कि आपकी पावर है तो आप जो चाहे कर सकते हो।
शराब की दुकान खुलवाने के लिए एसडीएम यह भी भूल गए कि एक जनप्रतिनिधि से कैसे बात की जाती है।
SDM ने शराब के ठेकेदारों को तत्काल शराब की दुकान खोलने का आदेश देते हुए कहा कि तत्काल दुकान खोलो मैं देखता हूं कौन बंद कराता है।
SDM कमलेश मेहता के पास लैंसडौन और यमकेश्वर दोनों का चार्ज है।
मद्य निषेध का संकल्प जताने वाले और शराब की दुकानों को चरणबद्ध तरीके से बंद कराने की बात कहने वाले मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत सरकार के इस एसडीएम का यह व्यवहार क्षेत्र वासियों को काफी नागवार गुजर रहा है।




