असर : शिक्षा निदेशक के खिलाफ  एफआइआर। फर्जी डिग्री प्रकरण मे फंसे मुकुल सती

इसे पर्वतजन के पाठकों के कमेंट और शेयर का अहम योगदान कहेंगे कि फर्जी डिग्री प्रकरण में पुलिस और अधिकारियों के लाख न चाहने के बावजूद आखिर मुकदमा दर्ज हो गया है। उत्तराखंड राज्य के माध्यमिक शिक्षा विभाग मे कार्यरत अपर शिक्षा निदेशक कुमायू मंडल नैनीताल एवं अपर राज्य परियोजना निदेशक उत्तराखंड देहरादून मुकुल कुमार […]

इसे पर्वतजन के पाठकों के कमेंट और शेयर का अहम योगदान कहेंगे कि फर्जी डिग्री प्रकरण में पुलिस और अधिकारियों के लाख न चाहने के बावजूद आखिर मुकदमा दर्ज हो गया है।
उत्तराखंड राज्य के माध्यमिक शिक्षा विभाग मे कार्यरत अपर शिक्षा निदेशक कुमायू मंडल नैनीताल एवं अपर राज्य परियोजना निदेशक उत्तराखंड देहरादून मुकुल कुमार सती के खिलाफ एफआइआर दर्ज हुई है।
सती ने हल्द्वानी के एच एन इन्टर कालेज मे प्रवक्ता जीवविज्ञान तथा रसायन विज्ञान के शिक्षक के रूप मे नौकरी करते हुए हल्द्वानी से 100 किमी दूर कु.वि.वि. नैनीताल के अल्मोड़ा परिसर मे बीएड पाठ्यक्रम के संस्थागत छात्र के रूप में  बीएड पाठ्यक्रम की संस्थागत पढाई की है।
 पढाई करते हुए बीएड पाठ्यक्रम की कक्षा मे उपस्थित होकर 75 %से अधिक की उपस्थिति पंजिका के गायब होने के चर्चित मामले मे राज्य सूचना आयुक्त उत्तराखंड श्री चन्द्र सिंह नप्चयाल ने आदेश दिया था।
 आदेश के पश्चात आखिरकार विभागाध्यक्ष शिक्षा संकाय कुविवि नैनीताल के अल्मोडा परिसर के विभागाध्यक्ष की तहरीर प्राप्त होने के बाद कोतवाली अल्मोडा मे एफआईआर नम्बर 56/2020 धारा 409 आईपीसी के तहत अभियोग पंजीकृत हो चुका है।
 इसकी जानकारी अल्मोडा पुलिस के द्वारा सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर भी दर्ज कर दी गई है।
 मामले की विवेचना जारी है। उल्लेखनीय है कि उत्तराखंड राज्य सूचना आयुक्त के आदेश 10-7-2020 के पश्चात भी अल्मोडा पुलिस द्वारा इस बहुचर्चित प्रकरण पर एफआईआर दर्ज नही होने की अपील पर कुमायू मंडल के पुलिस महानिरीक्षक अजय रोतेला द्वारा सूचना अधिकार अधिनियम की द्वितीय अपील पर सुनवाई करने के पश्चात नोटिस जारी करते हुए 05 अक्टूबर 2020 को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद अल्मोडा को सभी दस्तावेज के साथ तलब किया गया है।
 आईजी कुमायू के नोटिस जारी होने तथा पर्वतजन की खबर के बाद अल्मोडा पुलिस को इस हाई-प्रोफाइल मामले मे एफआईआर दर्ज करने को विवश होना पडा है।
पर्वतजन की खबर का संज्ञान लेकर रिपब्लिकन पार्टी आँफ इण्डिया रिफाँरमिस्ट उत्तराखण्ड के प्रदेश अध्यक्ष गोपाल वनवासी ने भी 11-08-2020 को पुलिस महानिदेशक तथा एस पी अल्मोड़ा को शिकायत भेजी थी।
उल्लेखनीय है कि इस मामले मे शिकायतकर्ता भाष्कर चन्द्र ने  अल्मोड़ा पुलिस आईजी कुमार को दस्तावेजी साक्ष्यों के साथ शिकायत प्रेषित करके आरोप लगाया है कि मुकुल कुमार सती शिक्षासत्र 1989-90 मे हल्द्वानी के एच एन इन्टर कालेज मे इन्टर साईन्स की मान्यता मिलने पर कक्षा 11 के छात्रों को जीवविज्ञान तथा रसायन विज्ञान का शिक्षण कार्य कर रहे थे। तथा इनकी शिक्षा सत्र 1989-90 की उपस्थिति पंजिका तथा वेतन पंजिका आज भी हल्द्वानी के एच एन इन्टर कालेज मे मूल रुप मे उपलब्ध है।
 ऐसे मे मुकुल कुमार सती का 100 किमी दूर स्थित कुविवि नैनीताल के अल्मोडा परिसर के बीएड पाठ्यक्रम मे उपस्थित होकर बीएड पाठ्यक्रम की संस्थागत पढाई लिखाई करना संभव नही है।
 इसी कारण से मुकुल कुमार सती की बीएड पाठ्यक्रम की संस्थागत उपस्थित पंजिका अल्मोडा बीएड कालेज से नदारद है।
 मुकुल कुमार सती द्वारा फर्जीवाड़ा करके बीएड पाठ्यक्रम की संस्थागत डिग्री हासिल करके सरकारी नौकरी हासिल की गई है।
 शिकायतकर्ता भाष्कर चन्द्र पंजीकृत स्नातक  मतदाता कुविवि नैनीताल ने आरोप लगाया है कि मुकुल कुमार सती प्रकरण की जांच एसआईटी को न देकर मुकुल कुमार सती को बचाया जा रहा है।
 जबकि शिक्षकों के फर्जीवाड़े की जांच एसआईटी कर रही है? उन्होंने मुकुल कुमार सती को जालसाजी से बीएड पाठ्यक्रम की संस्थागत डिग्री हासिल करके सरकारी नौकरी हासिल करने के अपराध मे बर्खास्त करने की मांग की है।

Also Read This

बड़ी खबर: इस दिन आएगा CBSE 10वीं दूसरी बोर्ड परीक्षा 2026 का रिजल्ट,जानें कैसे करें चेक!

CBSE 10th 2nd Board Result 2026: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की दूसरी बोर्ड परीक्षा (Second Board Exam) में शामिल हुए लाखों छात्रों और...

सखी वन स्टॉप सेंटर: महिलाओं को एक ही छत के नीचे मिलेंगी सभी जरूरी सुविधाएं,डीएम का बड़ा फैसला 

देहरादून, 23 जून 2026।नीरज उत्तराखंडी महिलाओं के खिलाफ बढ़ती हिंसा और उत्पीड़न की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए देहरादून जिला प्रशासन ने सखी वन...

Related Posts