देहरादून, 5 नवंबर। नीरज उत्तराखंडी
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के 6 नवंबर को प्रस्तावित देहरादून दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दे दिया है। उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में अमित शाह अपराह्न 12 बजे परेड ग्राउंड में विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। इसके बाद वह पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगे।
वीवीआईपी दौरे को देखते हुए प्रशासन ने पूरे कार्यक्रम क्षेत्र को विभिन्न जोन और सेक्टर में विभाजित कर अधिकारियों की तैनाती की है। सुरक्षा के साथ यातायात, भीड़ प्रबंधन, पार्किंग, पेयजल, विद्युत, स्वच्छता, चिकित्सा और अग्निशमन जैसी व्यवस्थाओं को भी प्राथमिकता दी गई है।
जौलीग्रांट एयरपोर्ट, परेड ग्राउंड स्थित अस्थायी हेलीपैड और रिजर्व पुलिस लाइन में भी अधिकारियों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के साथ कार्यक्रम में आने वाले अतिथियों और आमजन की सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
सीडीओ ने अधिकारियों को किया ब्रीफ
कार्यक्रम के नोडल अधिकारी एवं मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह ने गुरुवार को सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी ऑडिटोरियम में जोनल और सेक्टर अधिकारियों तथा विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए तैनात ड्यूटी प्रभारियों के साथ बैठक की। उन्होंने तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को उनके दायित्वों की जानकारी दी।
सीडीओ ने सभी अधिकारियों को निर्धारित समय पर अपने ड्यूटी प्वाइंट पर उपस्थित रहने और आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारियों का निर्वहन करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से तत्काल अपने-अपने ड्यूटी स्थलों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं और आवश्यकताओं का आकलन करने को कहा। किसी भी कमी की सूचना समय रहते देने के निर्देश दिए गए, ताकि कार्यक्रम से पहले उसे दूर किया जा सके।
मंच से लेकर चिकित्सा व अग्निशमन तक अलग-अलग जिम्मेदारी
परेड ग्राउंड में मुख्य मंच, वीआईपी एवं अन्य अतिथि दीर्घाओं, ग्रीन रूम, डाइनिंग सहित विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए अलग-अलग अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। कार्यक्रम स्थल पर पेयजल, विद्युत आपूर्ति, साउंड सिस्टम, एलईडी स्क्रीन, स्वच्छता, चिकित्सा और अग्निशमन व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कार्यक्रम के दौरान सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करेंगे। किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतने के निर्देश देते हुए प्रशासन ने कार्यक्रम को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सफलतापूर्वक संपन्न कराने पर पूरा फोकस रखा है।






