सरकारी डाक्टर ने बाहरी पैथोलाॅजी से लिखे टेस्ट, शिकायत

सरकारी डॉक्टर द्वारा बाहर के पैथोलॉजी सेंटर से टेस्ट कराने को लेकर, मुख्य चिकित्साधिकारी से शिकायत। राजेंद्र सिंह नेगी  राजकीय दून मेडिकल कॉलेज एवं चिकित्सालय में बिटिया का उपचार कराने पहुंचे, सुभाष त्यागी को डॉक्टर व्यास द्वारा कुछ टेस्ट करवाने हेतु, डॉ रानू पैथोलॉजी सेंटर की स्लिप दी गयी। नन्हीं बिटिया के स्वास्थ्य को लेकर […]

सरकारी डॉक्टर द्वारा बाहर के पैथोलॉजी सेंटर से टेस्ट कराने को लेकर, मुख्य चिकित्साधिकारी से शिकायत।

राजेंद्र सिंह नेगी 
राजकीय दून मेडिकल कॉलेज एवं चिकित्सालय में बिटिया का उपचार कराने पहुंचे, सुभाष त्यागी को डॉक्टर व्यास द्वारा कुछ टेस्ट करवाने हेतु, डॉ रानू पैथोलॉजी सेंटर की स्लिप दी गयी। नन्हीं बिटिया के स्वास्थ्य को लेकर चिंतित, पिता उक्त पैथोलॉजी सेंटर से ₹1300 के टेस्ट करवा लाये। बिटिया के स्वास्थ्य में सुधार हुआ तो, पांचवे दिन अस्पताल से छुट्टी मिल गयी। लेकिन सरकारी चिकित्सक द्वारा बाहर से टेस्ट कराने की स्लिप मामले को लेकर, त्यागी खासे चिंतित रहे।

आखिर क्यों, एक सरकारी चिकित्सक द्वारा रानू पैथोलॉजी सेंटर से ही टेस्ट कराने हेतु बाध्य किया गया। इससे तो स्पष्ट होता है कि चिकित्सक और पैथोलॉजी सेंटर की कोई सांठ गांठ है। जबकि, सरकारी चिकित्सक को बाहरी लैब से टेस्ट या क्लीनिक से दवाई हेतु बाध्य किया जाना नियमविरुद्ध है।
मामले की शिकायत को लेकर, सुभाष त्यागी आज मुख्य चिकित्साधिकारी से मिले। सीएमओ से की गयी, लिखित शिकायत में मामले को गम्भीरता से लेकर ठोस कार्यवाही की मांग की गयी। साथ ही अन्य चिकित्सकों को भी भविष्य में ऐसा ना करने के निर्देश जारी करने की बात कही गयी।
मुख्य चिकित्साधिकारी एस के गुप्ता ने मामले को बेहद गम्भीर बताया और कार्यवाही का आश्वासन दिया। इस दौरान, सुभाष त्यागी संग अखिलेश व्यास, संजय थपलियाल, संजय किमोठी और राजेंद्र सिंह नेगी मौजूद रहे।

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