वित्तीय अनियमितता मामले में खंड विकास अधिकारी को संबद्ध के आदेश

पुरोला जिला अधिकारी मयूर दीक्षित ने वित्तीय अनियमितता मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए खंड विकास अधिकारी मोरी से 5 लाख  29 हजार की रिकवरी के साथ मुख्यालय में संबद्ध के आदेश दिये है। बताते चले कि,  वर्ष 2020 में मोरी ब्लॉक के सिदरी गांव की अनुसूचित जाति बस्ती तयनगर में स्पेशल कम्पोनेंट प्लान के […]

पुरोला

जिला अधिकारी मयूर दीक्षित ने वित्तीय अनियमितता मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए खंड विकास अधिकारी मोरी से 5 लाख  29 हजार की रिकवरी के साथ मुख्यालय में संबद्ध के आदेश दिये है।

बताते चले कि,  वर्ष 2020 में मोरी ब्लॉक के सिदरी गांव की अनुसूचित जाति बस्ती तयनगर में स्पेशल कम्पोनेंट प्लान के अंतर्गत पीसीसी खंडिजा व नाली निर्माण के लिए 11 लाख 27 हजार रुपये की धन राशि स्वीकृत हुई थी । 

इस कार्य को कार्यदाई  विभाग ने उत्तराखंड अधिप्राप्ति नियमावली के अंतर्गत विहित वित्तीय प्रावधानों  को  दरकिनार कर खंड विकास अधिकारी ने  विना निविदा लगाये एक ठेकेदार को दे दिया। ठेकेदार ने अनुसूचित जाति बस्ती में काम न करके अन्य जगह काम किया।इतना ही नहीं ठेकेदार को 35 हजार का अतिरिक्त भुगतान भी कर दिया।

मामले में पूर्व विधायक प्रतिनिधि एवं भाजपा युवा मोर्चा  प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य कृपाल राणा की शिकायत पर आयुक्त ग्राम्य विकास विभाग पौड़ी ने परियोजना निदेशक जिला ग्राम्य विकास अभिकरण से जांच करवाई|   जिसमें अनियमितता की पुष्टि होने पर  खंड विकास अधिकारी,लेखाकार सहायक समाज कल्याण अधिकारी व अवर अभियंता दोषी पाए गए ।

मामले में जिलाधिकारी ने सीडीओ को आवश्यक कार्यवाही करते हुए बीडीओ मोरी को जिला मुख्यालय में संबद्ध करने उनसे 529454  रुपये तथा ठेकेदार से  35546 रुपये की वसूली के  निर्देश दिये।

वही दो विरोधाभासी जांच आख्या देने पर तहसीलदार मोरी को कारण बताओं नोटिस जारी करने के भी निर्देश दिये। वही अन्य आरोपियों के विरूद्ध कार्यवाही चल रही है।

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