पर्यटन मंत्री की विधानसभा में पम्पिंग पेयजल योजना ठप। पानी की किल्लत से जूझ रहे ग्रामीण

पर्यटन मंत्री की विधानसभा में पम्पिंग पेयजल योजना ठप। पानी की किल्लत से जूझ रहे ग्रामीण   रिपोर्ट- इंद्रजीत असवाल चौबट्टाखाल। यूँ तो पहाडों पर जल जीवन मिशन पर तेजी से काम चल रहा है परंतु पुराने जल स्रोतों, पम्पिंग पेयजल योजनाओ को दुरस्त नही किया गया है। हर एक योजना, स्रोत रिपेयरिंग मांग रही […]

पर्यटन मंत्री की विधानसभा में पम्पिंग पेयजल योजना ठप। पानी की किल्लत से जूझ रहे ग्रामीण

 

रिपोर्ट- इंद्रजीत असवाल
चौबट्टाखाल। यूँ तो पहाडों पर जल जीवन मिशन पर तेजी से काम चल रहा है परंतु पुराने जल स्रोतों, पम्पिंग पेयजल योजनाओ को दुरस्त नही किया गया है। हर एक योजना, स्रोत रिपेयरिंग मांग रही है। बता दें कि, पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज की विधानसभा चौबट्टाखाल के मुख्य बाजार एकेश्वर में पानी की भारी किल्लत हैं। एकेश्वर बाजार में नौगढू पेयजल योजना से जलापूर्ति होती है।

ग्रामीणों का कहना है कि, जल स्रोत पर पानी बहुत है परंतु सम्बंधित विभाग द्वारा जल स्रोतों की देखभाल नही करने की वजह से पानी की किल्लत हो रखी है। सुबह 4 बजे पानी खुलता है, 9 बजे बन्द होता है और एक परिवार को मुश्किल से 3 डब्बे पानी मिलता है।

इस बारे में उनके द्वारा जनप्रतिनिधियों व विभागीय अधिकारियों को कई बार सूचित किया जाता है परन्तु फिर भी कोई कार्य नही हो रहा है।

आपको बता दें कि, चौबट्टाखाल विधानसभा क्षेत्र के कई जगहों पर अभी से पानी की भारी किल्लत की खबरे हम आपको दिखा चुके हैं। परन्तु अभी भी शासन-प्रशासन द्वारा इस पर कोई अमल नहीं किया गया है।

कांडा पम्पिग पेयजल योजना

मल्ली सतपुली बंगला बस्ती पानी की किल्लत कसानी चौबट्टाखाल आदि की खबरे अभी तक चल चुकी है। परन्तु विभाग अभी भी शांत है तब तक जबतक पानी की किल्लत से हाहाकार नही हो जाता।

Also Read This

बड़ी खबर: उत्तराखंड के खनिजों पर केंद्र की बढ़ती पकड़!  MMDR Amendment Bill 2026 की धारा 9D को लेकर किसान मंच ने उठाए सवाल

देहरादून/हल्द्वानी। उत्तराखंड के जल, जंगल, जमीन और खनिज संसाधनों पर राज्य के अधिकार तथा भविष्य में इन संसाधनों से राजस्व जुटाने की उसकी क्षमता...

ब्रेकिंग : भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम का ऐलान । उत्तराखंड के इन नेताओं को भी मिली अहम जिम्मेदारी

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने संगठन में बड़ा फेरबदल करते हुए राष्ट्रीय पदाधिकारियों और विभिन्न मोर्चों एवं प्रकोष्ठों के लिए नई नियुक्तियों...

Related Posts