उत्तरकाशी | 10 अप्रैल 2026/रिपोर्ट -नीरज उत्तराखंडी
आगामी 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर यमुनोत्री और गंगोत्री धाम के कपाट खुलने से पहले उत्तरकाशी प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है।
यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए जिला प्रशासन लगातार व्यवस्थाओं का जायजा ले रहा है।
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य के निर्देशों के क्रम में शुक्रवार को मुख्य विकास अधिकारी जय भारत सिंह ने जानकीचट्टी से यमुनोत्री धाम तक लगभग 6 किलोमीटर लंबे पैदल मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान यमुनोत्री विधायक संजय डोभाल समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे।
निरीक्षण के दौरान पेयजल, शौचालय, विद्युत आपूर्ति, रेन शेल्टर और रेलिंग जैसी बुनियादी सुविधाओं की स्थिति पर विशेष ध्यान दिया गया।
सीडीओ ने साफ-सफाई को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए सुलभ इंटरनेशनल और जिला पंचायत को यात्रा मार्ग व शौचालयों में स्वच्छता व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए स्वास्थ्य परीक्षण केंद्रों और एसडीआरएफ टीमों को पूरी तरह सक्रिय रखने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही घोड़ा-खच्चरों के लिए चारा और पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मार्ग पर बड़े और स्पष्ट सूचना पटल एवं साइन बोर्ड लगाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। यात्रा पड़ावों, संपर्क मार्गों और पंजीकरण केंद्रों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
निरीक्षण से पूर्व सीडीओ ने बड़कोट, दोबाटा और खरादी में स्वयं सहायता समूहों द्वारा संचालित आउटलेट केंद्रों का भी अवलोकन किया। उन्होंने स्थानीय उत्पादों की गुणवत्ता और पैकेजिंग सुधारने पर जोर देते हुए कहा कि इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
प्रशासन ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ शेष कार्यों को कपाट खुलने से पहले हर हाल में पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं, ताकि चारधाम यात्रा में आने वाले देश-विदेश के श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।

