एक्सक्लूसिव खुलासा : सीएम के आदेशों की धज्जियां उड़ाते दो कद्दावर मंत्री,लोकार्पण व शिलान्यास करने की मची होड़

अनुज नेगी पौड़ी।उत्तराखंड में इन दिनों उत्तरकाशी के सिलक्यारा टनल में फंसे मजदूरों को निकालने की कवायद जोरों से चल रही है। सीएम धामी, घटनास्थल पर मौजूद रहकर पूरे रेस्क्यू का निरीक्षण कर रहे हैं,वही देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार फोन के जरिए सीएम धामी से अपडेट ले रहे हैं। लेकिन इसी बीच प्रदेश […]

अनुज नेगी

पौड़ी।उत्तराखंड में इन दिनों उत्तरकाशी के सिलक्यारा टनल में फंसे मजदूरों को निकालने की कवायद जोरों से चल रही है।

सीएम धामी, घटनास्थल पर मौजूद रहकर पूरे रेस्क्यू का निरीक्षण कर रहे हैं,वही देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार फोन के जरिए सीएम धामी से अपडेट ले रहे हैं।

लेकिन इसी बीच प्रदेश के दो कद्दावर मंत्रियों में सीएम के आदेशों की धज्जियां उड़ा कर लोकार्पण व शिलान्यास करने की होड़ मची हुई है।

प्रदेश के दो बड़े कद्दावर मंत्री सतपाल महाराज और डॉ.धन सिंह रावत में अपनी अपनी विधानसभा में छोटी छोटी योजनाओं के लोकार्पण व शिलान्यास करने की होड़ मची है,जहा कल मंत्री सतपाल महाराज ने अपनी विधानसभा चौबट्टाखाल में 57 करोड़ की छोटी छोटी योजनाओं का लोकार्पण किया वही डॉ धन सिंह रावत ने अपनी विधानसभा श्रीनगर के थैलीसैंण नई नगर पंचायत में डेढ़ करोड़ की छोटी छोटी योजनाओं शिलान्यास किया,वही इन दो कद्दावर मंत्रियो ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है।

आपको बतादे कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बीते चार नवम्बर को मितव्ययता का हवाला देते हुए शिलान्यास व लोकार्पण के आयोजनों को सामूहिक रूप से करने का फरमान जारी किया था। 

जारी फरमान में साफ साफ कहा गया था कि प्रदेश में हो रहे विकास कार्य और नई योजनाओं का शिलान्यास-लोकार्पण मंत्री और अफसर नहीं करेंगे। बल्कि मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में कार्यक्रम आयोजित कर इनका शिलान्यास-लोकार्पण किया जाएगा। लेकिन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के आदेशों को ताक पर रखकर किए जा रहे कार्यक्रम तमाम सवाल खड़े कर रहे हैं।

Also Read This

बड़ी खबर : एमए छात्रा को परीक्षा में बैठने से रोका ,जांच की मांग।  जानिए मामला 

पुरोला, 6 अगस्त।नीरज उत्तराखंडी  राजकीय महाविद्यालय पुरोला में उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय की एम.ए. प्रथम सेमेस्टर (ओपन) की एक छात्रा ने परीक्षा प्रक्रिया में अनियमितता का...

बदहाल स्वास्थ्य सेवाएं :सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था लगभग भगवान भरोसे, प्रसव के लिए 82 किमी तक का सफर करने की मजबूरी

पुरोला, 6 अगस्त। नीरज उत्तराखंडी  हिमाचल प्रदेश की सीमा से सटे उत्तरकाशी जिले के दुर्गम आराकोट-बंगाण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली लगातार गंभीर होती...

Related Posts